जहा चाह वहां राह पर निबंध “Jahan chah wahan raah essay in hindi”

Jahan chah wahan raah essay in hindi

हेलो दोस्तों कैसे हैं आप सभी,दोस्तों आज का हमारा आर्टिकल Jahan chah wahan raah essay in hindi आपको जीवन में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगा दोस्तों दुनिया में जहां पर चाहा है वहां पर रहा है जिसने भी इस दुनिया में जो चाहा है उसको फिर उस काम में सफलता मिल ही जाती है क्योंकि दुनिया में चाहा एक इंसान से कुछ भी करवा सकती है और उसको कुछ भी पाने के लिए कितनी भी मेहनत करने के लिए प्रेरित कर सकती है.

Jahan chah wahan raah essay in hindi

अगर वाकई में हम किसी चीज को पाना चाहते हैं या कुछ बनना चाहते हैं या अपने सपने पूरे करना चाहते हैं या कुछ ऐसा करना चाहते हैं जो आज से पहले किसी ने ना किया हो तो दोस्तों आपको वहां तक पहुंचने के लिए राह जरूर मिल जाएगी क्योंकि जहां पर जहां है वहीं पर राहा है.
आज हमारे देश में बहुत सारे लोगों ने यह साबित कर दिया है कि जहां चाह है वहां राह है.बहुत से काम ऐसे हैं जिन्हें करना मुश्किल था लेकिन अपनी चाहत के दम पर उन्होंने वो कर दिखाया.

दोस्तों बात करें हम हमारे वैज्ञानिक थॉमस एडिसन जिसने बल्ब का आविष्कार किया था बल्ब का आविष्कार करते समय उनसे बहुत सारे लोगों ने कहा था कि बल्ब का आविष्कार नहीं हो सकता लेकिन उन्होंने अपनी चहां के दम पर बल्ब का आविष्कार किया इसी तरह से और भी लोग हैं जैसे कि स्टीफन हॉकिंग जिसने मौत को भी मात दे दी थी, 21 साल की उम्र में उनको पता लगा था कि उनका पूरा शरीर कुछ समय बाद पैरालाइज होने वाला है और डॉ. ने उनसे कहा था कि तुम सिर्फ 2 साल तक जी सकते हैं लेकिन वह अपनी इच्छा से बहुत लंबे समय तक हमारे देश में हैं.

दोस्तों जहां चाह होती है वहां राह हर किसी को मिल जाती है.आप इसके लिए अब्राहम लिंकन को देख लीजिए जो 15 बार चुनाव हारने के बाद और अपने व्यापार में दिवालिया होने के बाद जिंदगी में बहुत सारी असफलताओं के बाद उन्होंने अपनी चाहत नहीं छोड़ी और लगातार प्रयास करते हुए उन्होंने दुनिया में ऐसा मुकाम हासिल किया जिससे यह साबित होता है कि जहां पर जहां होती है वहां एक इंसान को सफलता के लिए चलने के लिए रहा मिल ही जाती है.बहुत सारे ऐसे काम होते हैं जिन्हें देखते हुए हमें ऐसा लगता है कि इसको करना बहुत मुश्किल है लेकिन हमारे देश के कुछ लोगों ने ऐसा कर दिखाया है हम देखें दशरथ मांझी को जिसने जिसने अपनी चाहा से वो कर दिखाया जो बहुत सारे लोग मिलकर भी नहीं कर सकते.उन्होंने अकेले ही एक विशालकाय पर्वत को चीर दिया क्योंकि उनकी यह चाहा दिल से जुड़ी हुई थी उन्होंने अपनी चाह के दम पर अपने सपने को पूरा कर लिया और दुनिया में एक ऐसी इमेज बनाई जिससे लोग हमेशा उन्हें याद करते रहेंगे.
दोस्तों जहां चहां होती है वहां रहा होती है.हम आज जो भी हैं जहां पर भी हैं अगर हम किसी चीज को दिल से चाहै तो उसको हम पा सकते हैं क्योंकि उसको पाने के लिए हमें रहा मिल ही जाती है बस उसके लिए आपको कड़ी मेहनत करने की जरूरत होती है.दोस्तों बहुत से लोग ऐसे होते हैं जो अपने जीवन में कुछ बनना चाहते हैं जो कुछ पाना चाहते हैं जो किसी नौकरी या बिजनेस में या किसी भी फील्ड में सफल होना चाहते हैं लेकिन मेहनत करने के बावजूद भी वह अपने जीवन में कुछ नहीं बन पाते या कुछ खास नहीं कर पाते आखिर ऐसा क्यों क्योंकि दोस्तों अगर हम कुछ करना चाहते हैं,किसी काम में सफलता अर्जित करना चाहते हैं तो यह बहुत जरूरी है कि आप उसको दिल से चाहे क्योंकि अगर किसी के प्रति हमारी चाहत दिल से होती है तो हम उसमें कठिन परिश्रम करने से भी नहीं डरते और कभी भी उसमें पीछे नहीं हटते और हमें सफलता मिलती है.

इसका एक उदाहरण हम डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम से ले सकते हैं. डॉक्टर एपीजे अब्दुल कलाम जो कि हमारे देश के पूर्व राष्ट्रपति हैं वह एक बेहद गरीब परिवार से थे,जिंदगी में उन्होंने इतना बड़ा सफ़र तय करने के लिए बहुत सारी मुसीबतों का सामना किया है.अपने जीवन में अखबार भी बेचे हैं, उनकी चाहत थी अपने देश के लिए कुछ अच्छा करने क. यहां तक पहुंचने में उनको अपनी इच्छा पूरी करने में बहुत सी प्रॉब्लम्स आई लेकिन उन्होंने अपनी चाहत के दम पर सफलता की राह खोज ही ली. इसके बारे में हम थॉमस एडिसन से भी सीख सकते हैं थॉमस एडिसन को कम दिमाग की वजह से स्कूलों से निकाल दिया गया था लेकिन उन्होंने अपनी पूरी लगन और मेहनत से और लगातार की हुई वह परिश्रम से दुनिया में एक पहचान बनाई और बल्ब का आविष्कार किया.जब वह बल्ब का आविष्कार करने का जा रहे थे तब बहुत सारे लोगों ने उनका मजाक उड़ाया था लेकिन लगातार प्रेक्टिस करने से उनको रहा मिली और उन्होंने अपने जीवन में एक बहुत बड़ी सफलता अर्जित की।

दोस्तों इसलिए कह सकते हैं कि जहां चहां होती है वहां राह होती है यानी कुछ चाहने वाले व्यक्ति को उसको पूरा करने के लिए रास्ता मिल ही जाता है। अगर आपको हमारा यह आर्टिकल Jahan chah wahan raah essay in hindi पसंद आए तो इसे शेयर जरुर करें और हमारा Facebook पर लाइक करना न भूले और हमें कमेंट्स के जरिए बताएं कि आपको हमारा ये आर्टिकल कैसा लगा।

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